इन मामलों में अभियुक्तों के विरुद्ध गुण्डा, गैंगेस्टर की कार्यवाही करने का दिया निर्देश
रिपोर्ट-राहुल पाण्डेय
मऊ। संगठित अपराध व अपराधियों एवं शांति, सुरक्षा व्यवस्था के दृष्टिगत पुलिस लाईन के सभागार कक्ष में सुनील कुमार सिंह, पुलिस उपमहानिरीक्षक आजमगढ़, परिक्षेत्र की अध्यक्षता में अपराध समीक्षा गोष्ठी का आयोजन किया गया। इस दौरान, पुलिस अधीक्षक इलामारन जी, अपर पुलिस अधीक्षक व समस्त क्षेत्राधिकारी, प्रभारी निरीक्षक थानाध्यक्ष एवं शाखा प्रभारी उपस्थित रहे। इस दौरान डीआईजी द्वारा अपराध समीक्षा की गयी। तथा शांति, कानून व्यवस्था के विभिन्न बिन्दुओं पर विस्तारपूर्वक प्रकाश डालते हुये दिशा-निर्देश दिये की गंभीर घटना कारित होने पर तत्काल घटनास्थल का निरीक्षण किया जाय एवं उच्चाधिकारियों को ब्रीफ किया जाय। जनशिकायतों, आईजीआरएस प्रार्थना पत्रों का निस्तारण अतिशीघ्र गुणवत्तापूर्ण किया जाय तथा मौके का भ्रमण अवश्य किया जाय व अपराधों को रोकने हेतु पैदल गस्त एवं पिकेट की व्यवस्था सुनिश्चित की जाय।बीट व्यवस्था प्रणाली को और अधिक सुदृढ़ किया जाय।
गोवध के मामलों में अभियुक्तों के विरुद्ध गुण्डा, गैंगेस्टर की कार्यवाही अवश्य की जाय। अवैध म़द्य निष्कर्षण, बिक्री, परिवहन पर प्रभावी अंकुश लगाया जाय तथा सम्भावित क्षेत्रों में निरंतर चेकिंग, दबिश की कार्यवाही की जाय एवं इस अपराध में संलिप्त अभियुक्तों के विरुद्ध गैंगेस्टर की कार्यवाही की जाय। लूट की घटनाओं को रोकने हेतु पूर्व में संलिप्त रहे अपराधियों का अभियान चलाकर सत्यापन किया जाय तथा उनके विरुद्ध प्रभावी निरोधात्मक कार्यवाही की जाय। जमीन सम्बन्धी विवादों में राजस्व विभाग से समन्वय स्थापित कर मौके का भ्रमण कर समाधान कराया जाय। सम्पूर्ण समाधान तहसील,वथाना दिवस में प्राप्त शिकायती प्रार्थना पत्रों का निस्तारण पांच दिवस में अवश्य कर लिया जाय। महिला सम्बन्धी अपराधों में संलिप्त अभियुक्तों के विरुद्ध प्रभावी कार्यवाही की जाय। आगामी त्यौहार के अवसर पर भीड़-भाड़ वाले स्थानों पर गस्त, पिकेट की व्यवस्था की जाय। सोशल मीडिया पर सतर्क दृष्टि बनायें रखें तथा अफवाहों का खंडन अतिशीघ्र करें। संगठित अपराध एवं अपराधियों के विरूद्ध कार्यवाही की जाय।