रिपोर्ट: रंजना तिवारी
देवरिया। उप निदेशक कृषि ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2025-26 के अंतर्गत कृषि विभाग द्वारा संचालित "सब मिशन ऑन एग्रीकल्चर मैकेनाइजेशन", "प्रमोशन ऑफ एग्रीकल्चर मैकेनाइजेशन फॉर इन सीटू मैनेजमेंट ऑफ क्रॉप रेजिड्यू (सीआरएम)" एवं अन्य योजनाओं के तहत कृषकों को विभिन्न कृषि यंत्रों पर अनुदान प्रदान किए जाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
इन योजनाओं के अंतर्गत कृषि यंत्रों के कस्टम हायरिंग सेंटर, फार्म मशीनरी बैंक, कृषि ड्रोन, कम्बाइन हार्वेस्टर विद सुपर स्ट्रा मैनेजमेंट, स्मॉल गोदाम, थ्रेसिंग फ्लोर, रोटावेटर, कल्टीवेटर, हैरो, लेजर लैंड लेवलर, मिनी राइस मिल, सुपर सीडर, बेलर, रैक, आरएमबी प्लाउ और फसल अवशेष प्रबंधन से संबंधित अन्य प्रमुख यंत्रों की बुकिंग शुरू की गई है।
इच्छुक कृषक कृषि निदेशालय की वेबसाइट agridarshan.up.gov.in पर जाकर "किसान कॉर्नर" के अंतर्गत कृषि यंत्र, कृषि रक्षा उपकरण, थ्रेसिंग फ्लोर, स्मॉल गोदाम आदि की बुकिंग 12 जुलाई 2025 तक कर सकते हैं।
बुकिंग के लिए टोकन धनराशि निर्धारित की गई है। दस हजार रुपये तक के कृषि यंत्रों पर अनुदान हेतु बुकिंग की टोकन राशि निशुल्क होगी। दस हजार एक रुपये से एक लाख रुपये तक के यंत्रों के लिए ₹2500, और एक लाख रुपये से अधिक मूल्य के यंत्रों के लिए ₹5000 की टोकन राशि ऑनलाइन जमा करना अनिवार्य होगा।
बुकिंग के समय ओटीपी के लिए कृषक का स्वयं का मोबाइल नंबर या उनके निकटतम (पति-पत्नी, पुत्र, अविवाहित पुत्री अथवा पुत्रवधू) के मोबाइल नंबर का ही प्रयोग किया जाना अनिवार्य है। बुक की गई कृषि यंत्रों का चयन लक्ष्य के अनुसार ई-लॉटरी के माध्यम से किया जाएगा।
