रिपोर्ट : प्रिंस प्रजापति
मऊ में साड़ी चोरी के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। गैंग लीडर द्वारा अपराध से अर्जित की गई लगभग 1.46 करोड़ रुपए मूल्य की भूमि और मकान को गैंगस्टर अधिनियम की धारा 14 (1) के तहत कुर्क किया गया।
पुलिस अधीक्षक इलामारन जी. के निर्देश पर जिले में अपराध और अपराधियों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान के तहत गैंगस्टर एक्ट के मामलों में अभियुक्तों द्वारा अर्जित अवैध चल-अचल संपत्तियों की पहचान कर उन्हें जब्त किया जा रहा है। अपर पुलिस अधीक्षक अनूप कुमार के मार्गदर्शन और क्षेत्राधिकारी नगर कृश राजपूत के पर्यवेक्षण में एक संयुक्त पुलिस टीम का गठन किया गया था।
इसी अभियान के तहत, कोतवाली नगर के प्रभारी निरीक्षक अनिल कुमार सिंह ने लगातार प्रयास किए। जांच में सामने आया कि गैंगस्टर एक्ट से संबंधित अभियुक्त और गैंग लीडर होजैफा नसीम ने अपने गिरोह के सदस्यों के साथ मिलकर संगठित और समाज विरोधी अपराधों को अंजाम दिया। इन अपराधों से उसने अवैध रूप से धन अर्जित किया और उसी अवैध धन से मकान व जमीन खरीदी थी।
इस अचल संपत्ति का बाजार मूल्य लगभग 1.46 करोड़ रुपए आंका गया है। जांच के दौरान अभियुक्त के पास इस संपत्ति को खरीदने का कोई वैध आय स्रोत नहीं मिला। विवेचना के बाद इस संबंध में विस्तृत पुलिस रिपोर्ट जिलाधिकारी को भेजी गई थी।
इन तथ्यों से संतुष्ट होकर जिलाधिकारी प्रवीण मिश्र ने संपत्ति को राज्य सरकार के पक्ष में कुर्क करने का आदेश पारित किया। इस आदेश के अनुपालन में पुलिस और राजस्व विभाग ने नियमानुसार कुर्की की कार्रवाई पूरी की। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि कुर्क की गई संपत्ति पर किसी भी प्रकार का क्रय-विक्रय, हस्तांतरण, निर्माण या कब्जा परिवर्तन पूरी तरह प्रतिबंधित है। आदेश का उल्लंघन करने पर संबंधित के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। यह कार्रवाई जिले में अपराध, माफिया और संगठित गिरोहों के खिलाफ शासन की शून्य सहनशीलता नीति के अनुरूप की गई है।
