रिपोर्ट :विद्यानंद
बलिया। उत्तर प्रदेश बलिया जनपद में रेलवे में नौकरी और ठेका दिलाने के नाम पर वसूली करने के आरोपी को पुलिस ने धारदार पहुंचा है बेरोजगारी इस कदर बढ़ गई है कि लोग नौकरी पाने के लालच में किसी के भी हाथ लग जाते हैं ऐसा ही एक मामला जो है उत्तर प्रदेश के बलिया जनपद का है जहां रेलवे में फर्जी अधिकारी बनकर नौकरी और ठेका दिलाने वाले एक आरोपी आशुतोष मिश्रा ग्राम कपासिया थाना कोष जिला रोहतास बिहार को यीशु जी टीमवर्क कोतवाली पुलिस ने गिरफ्तार करने भेज दिया। जबकि पूर्व में इसी मामले में एक आरोपी राजू रंजन मिश्रा पुत्र अंगद प्रसाद मिश्रा निवासी कपासिया थाना कोचस जनपद रोहतास बिहार को पुलिस गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है पकड़े गए दोनों आरोपी सगे भाई बताए जा रहे हैं । यूपी के प्रयागराज जिले के थाना गंगानगर निवासी सारंगपुर बारिया प्रभाकर तिवारी पुत्र स्वर्गीय जगदीश नारायण तिवारी ग्राम सारंगपुर बारिया ने बलिया शहर थाना कोतवाली में एक प्रार्थना पत्र देकर आरोप लगाया था कि दो लोग उसे रेलवे के स्क्रैप का ठेका दिलाने के नाम पर ठगी कर रुपए एट लिया है आप था कि राजू ने स्वयं को डीआरएम मुगलसराय तथा अपने भाई आशुतोष मिश्रा को रेलवे में रेल ड्राइवर बताया और इसी का लाभ उठाते हुए रेलवे में ठेका दिलाने के नाम पर ठगी किया।रेलवे में ठेका दिलाने के नाम पर पैसा वापस मांगने के मामले में आरोपी मुझे 12 अक्टूबर 2024 को बलिया ओवर ब्रिज के पास बुलाया और वहां कुछ देर बात करने के बाद जान से मारने की धमकी देने लगे उधर इंद्रकांत मिश्रा पुत्र स्वर्गीय बड़े लाल निवासी सिगरा वाराणसी भी आशुतोष मिश्रा और राजीव मिश्रा पर रेलवे में ठेका दिलाने के नाम पर रुपए ठगने और पैसे मांगने पर जान से मारने की धमकी देने का तहरीर दिया गया था आरोप लगाया था कि बीते 13 अक्टूबर 2024 को व्हाट्सएप कॉल से आरोपियों ने बलिया में 82 पुल के पास बुलाया और पैसा वापस न करने की बात करती है वह गाली गुप्ता देने लगा धमकी दिया कि दोबारा पैसे का नाम लिया तो जान से मार दूंगा इस बाबा का सिटी गौरव कुमार ने बताया कि फरार चल रहे दूसरे आरोपी आशुतोष मिश्रा को भी गिरफ्तार कार्यालय भेज दिया गया।